रोहतक, 24 अप्रैल। उपायुक्त सचिन गुप्ता ने कहा कि पंचायती राज संस्थाएं ग्रामीण विकास की मजबूत आधारशिला हैं और इनके सशक्तिकरण से ही गांवों का समग्र एवं सतत विकास संभव है। उन्होंने कहा कि सशक्त पंचायत, सर्वांगीण विकास की थीम के अनुरूप पंचायतों को आत्मनिर्भर, पारदर्शी और जवाबदेह बनाना समय की आवश्यकता है।
सचिन गुप्ता स्थानीय लघु सचिवालय के सभागार में राष्ट्रीय पंचायती राज दिवस के अवसर पर आयोजित जिला स्तरीय कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि 24 अप्रैल का दिन पंचायती राज व्यवस्था को सुदृढ़ करने और स्थानीय स्वशासन को मजबूती प्रदान करने के लिए समर्पित है। वर्ष 1993 में 73वें संविधान संशोधन के लागू होने के साथ ही देश में पंचायती राज संस्थाओं को संवैधानिक दर्जा प्राप्त हुआ, जिससे लोकतंत्र की जड़ें और मजबूत हुई हैं।
उपायुक्त सचिन गुप्ता ने कहा कि ग्राम पंचायतें ग्रामीण क्षेत्रों में विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की मुख्य इकाई हैं। उन्होंने उपस्थितगण का आह्वान किया कि वे जनभागीदारी को बढ़ावा दें, योजनाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करें तथा ग्रामीणों की समस्याओं का समयबद्ध समाधान करें। उन्होंने कहा कि ग्राम सभाओं को सशक्त बनाने, सामाजिक समावेशन को बढ़ावा देने और जवाबदेही सुनिश्चित की जाये।
इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त नरेंद्र कुमार, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक आयुष यादव, जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी राजपाल चहल, परिवहन डिपो महाप्रबंधक नवीन कुमार, मुख्यमंत्री सुशासन सहयोगी तनुमय दत्ता, कृषि उपनिदेशक डॉ. सुरेंद्र मलिक, तहसीलदार यशपाल शर्मा, जिला शिक्षा अधिकारी मनजीत मलिक, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी दिलजीत सिंह, डीपीसी सुमन हुड्डा, सिंचाई विभाग के हाइड्रोलॉजिस्ट दलबीर राणा, काडा के कार्यकारी अभियंता अंशुल कादयान, मत्स्य पालन अधिकारी आशा हुड्डा, जिला समाज कल्याण अधिकारी महावीर गोदारा सहित विभिन्न विभागों के उच्चाधिकारी एवं भाजपा के प्रतिनिधियों में सतीश चौधरी एवं डॉ. अंकुश बिड्डू मौजूद रहे।











