अग्रोहा, 13 जून।
संत कबीर सेवा समिति धानक समाज अग्रोहा द्वारा संत शिरोमणि सतगुरु कबीर साहेब जी के 629वें जन्मोत्सव समारोह का भव्य आयोजन 20 जून 2026 को प्रातः 10 बजे ग्राम सचिवालय मीरपुर (अग्रोहा) में किया जाएगा। समारोह के सफल आयोजन को लेकर ग्राम सचिवालय में रिटायर्ड एसीएस अधिकारी रोशन लाल की अध्यक्षता में एक बैठक आयोजित की गई, जिसमें कार्यक्रम की रूपरेखा पर विस्तार से चर्चा की गई तथा क्षेत्र के विभिन्न गांवों में जनसंपर्क अभियान चलाकर अधिक से अधिक लोगों को समारोह में शामिल होने का निमंत्रण दिया गया।
समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि कार्यक्रम का उद्देश्य संत कबीर साहेब जी के मानवता, समानता, भाईचारे एवं सामाजिक समरसता के संदेश को जन-जन तक पहुंचाना है। समारोह में कबीर वाणी का पाठ, भजन-कीर्तन, सामाजिक जागरूकता कार्यक्रम तथा समाज के विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले व्यक्तियों का सम्मान किया जाएगा। समारोह की अध्यक्षता रिटायर्ड एडीसी श्री रोशन लाल करेंगे। इस अवसर पर एक्साइज एवं टैक्सेशन विभाग के जॉइंट कमिश्नर कृष्ण कुमार, चीफ इंजीनियर डॉ. जसवंत सिंह, रिटायर्ड आईएएस श्री धर्मवीर खटक, रिटायर्ड चीफ इंजीनियर चंद्र मोहन, चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय सिरसा के पूर्व कुलपति प्रो. विजय कायत, नगर परिषद ऐलनाबाद के चेयरमैन राम सिंह सोलंकी, रिटायर्ड डीएसपी अशोक कुमार सिहान, एग्जीक्यूटिव इंजीनियर आनंद कुमार इटकान, पूर्व प्रधान संत कबीर शिक्षा समिति हिसार श्री रतन कुमार बड़गूजर, डीईटीसी सेवानिवृत्त तारा चंद डाबला, पूर्व चेयरमैन सुरेश खटक, प्रदेश उपाध्यक्ष राजेश कुमार मुंढई तथा समाजसेवी सुंदर सिंह नागर सहित विभिन्न प्रशासनिक, सामाजिक एवं शिक्षण क्षेत्र से जुड़े गणमान्य व्यक्ति बतौर मुख्य एवं विशिष्ट अतिथि शिरकत करेंगे।
बैठक में पूर्व अध्यक्ष संत कबीर शिक्षा समिति श्री रतन बड़गूजर, अग्रोहा के सरपंच आत्माराम भुक्कल, मीरपुर के सरपंच रोहतास जांगड़ा, मुख्य संयोजक चरण सिंह कनोह, मास्टर पवन कुमार, मोहनलाल कायत, सतीश इंदौर, प्रेम पाबड़ा, मुकेश नागर, सुभाष बोस, सुरेश डाबला, राजकुमार इंदौर, मदन पापोसा सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। इस दौरान क्षेत्र के बड़ोपल, काजल, खजूरी, भूना, बेजलपुर, दैमन सहित विभिन्न गांवों का दौरा कर लोगों से समारोह में अधिक से अधिक संख्या में पहुंचने की अपील की गई।
मुख्य संयोजक श्री चरण सिंह ने कहा कि संत कबीर साहेब की शिक्षाएं आज भी समाज को सत्य, सद्भाव, समानता और मानवता के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती हैं। उन्होंने कहा कि संत कबीर जी का प्रसिद्ध दोहा बुरा जो देखन मैं चला, बुरा न मिलिया कोय, जो दिल खोजा आपना, मुझसे बुरा न कोय॥”
समिति के पदाधिकारियों ने समाज के सभी वर्गों से अपील करते हुए कहा कि वे 20 जून को आयोजित इस भव्य समारोह में पहुंचकर संत कबीर साहेब जी के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने के इस पुनीत कार्य में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करें।





