प्रधानमंत्री मोदी के न्याय विजन को हरियाणा में साकार कर रही सरकार : मुख्यमंत्री नायब सैनी

By Sahab Ram
On: June 2, 2026 8:48 PM
Follow Us:

चंडीगढ़, 2 जून – हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी का लक्ष्य है कि न्याय केवल मिले ही नहीं, बल्कि समयबद्ध, पारदर्शी और तकनीक-सक्षम व्यवस्था के माध्यम से हर नागरिक तक पहुंचे। हरियाणा सरकार नए आपराधिक कानूनों के प्रभावी क्रियान्वयन द्वारा इस विज़न को धरातल पर उतारते हुए न्याय प्रणाली में पारदर्शिता, जवाबदेही और दक्षता को नई मजबूती प्रदान कर रही है।

मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने मंगलवार को भारतीय न्याय संहिता (BNS) सहित तीनों नए आपराधिक कानूनों के क्रियान्वयन की प्रगति की समीक्षा के लिए आयोजित बैठक की अध्यक्षता की। इस दौरान उन्होंने विशेष दिशा निर्देश भी दिए।

बैठक में अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को अवगत कराया कि हरियाणा भारतीय न्याय संहिता (BNS), भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) तथा भारतीय साक्ष्य अधिनियम (BSA) को पूर्ण रूप से लागू करने वाले देश के अग्रणी राज्यों में शामिल है। पुलिस, जेल तथा अभियोजन विभागों के बीच बेहतर समन्वय, व्यापक प्रशिक्षण कार्यक्रमों तथा तकनीकी आधुनिकीकरण के माध्यम से राज्य की आपराधिक न्याय प्रणाली को और अधिक सुदृढ़ बनाया गया है।

योग दिवस का उद्देश्य लोगों को स्वास्थ्य व नियमित रूप से योग व प्राणायाम के प्रति जागरूक करना है: डीएमसी

मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि जिन मामलों में 10 वर्ष से कम सजा का प्रावधान है और जिनमें चार्जशीट दाखिल की जानी है, उन मामलों के जांच अधिकारियों (आईओ) को 45वें दिन से प्रतिदिन एसएमएस के तौर पर अलर्ट भेजे जाएं, ताकि वे निर्धारित 60 दिनों की समयसीमा के भीतर अपनी जांच रिपोर्ट सबमिट कर सकें। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में संबंधित थाना प्रभारी की भी जवाबदेही सुनिश्चित की जाए। इसके अतिरिक्त 55वें दिन संबंधित पुलिस अधीक्षक (एसपी) को भी स्वतः अलर्ट भेजा जाए।

उन्होंने कहा कि जिन गंभीर मामलों में 10 वर्ष से अधिक सजा का प्रावधान है, उनमें जांच के लिए 90 दिनों की समयसीमा निर्धारित है, लेकिन 60वें दिन से ही निगरानी एवं रिपोर्टिंग की प्रक्रिया शुरू की जाए, ताकि किसी भी स्तर पर देरी की संभावना न रहे। इसमें भी उसी प्रकार से अलर्ट भेजे जाएं, ताकि वो भी चार्जशीट सबमिट करने में देरी ना करे।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन सभी मामलों की दैनिक आधार पर समीक्षा रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि नए कानूनों की भावना के अनुरूप समयबद्ध जांच और शीघ्र न्याय सुनिश्चित करना सभी संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी है।

12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के उपलक्ष्य में 19 जून को चौधरी ताऊ देवी लाल टाउन पार्क में योग कार्यक्रम एवं पायलट रिहर्सल का होगा आयोजन

बैठक के दौरान ई-साक्ष्य (e-Sakshya) तथा एनएएफआईएस (NAFIS) प्रणाली की प्रगति की भी समीक्षा की गई। मुख्यमंत्री ने कहा कि अपराध की वैज्ञानिक जांच को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए। उन्होंने निर्देश दिए कि यदि किसी जांच अधिकारी द्वारा फिंगर प्रिंट अथवा अन्य आवश्यक वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र नहीं किए जाते हैं तो उसके विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाए। उन्होंने ऐसे मामलों में इंक्रीमेंट रोकने जैसे प्रावधानों पर भी गंभीरता से अमल करने के निर्देश दिए।

बैठक में न्याय श्रुति (Nyaya Shruti) परियोजना की स्थिति की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को बताया कि प्रदेश में 453 वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कोर्ट्स के संचालन हेतु आवश्यक संसाधन उपलब्ध हैं। अधिकांश जिलों में इनका उपयोग 90 से 92 प्रतिशत तक हो रहा है, जबकि 7 जिलों में यह दर लगभग 87 प्रतिशत है। मुख्यमंत्री ने इन जिलों में भी उपयोगिता दर बढ़ाने के लिए विशेष प्रयास करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि नए आपराधिक कानून न्याय प्रणाली में ऐतिहासिक परिवर्तन लेकर आए हैं। इनका उद्देश्य न्याय प्रक्रिया को अधिक सरल, पारदर्शी, तकनीक-संचालित और समयबद्ध बनाना है। उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार यह सुनिश्चित करेगी कि अपराध की जांच आधुनिक तकनीकों और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर हो तथा प्रत्येक नागरिक को समय पर न्याय मिले। उन्होंने अधिकारियों से नए कानूनों के प्रभावी क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की ढिलाई न बरतने के निर्देश दिए।

नागरिकों की समस्याओं को समयबद्ध निपटान सुनिश्चित करें विभागाध्यक्ष : उपायुक्त महेंद्र पाल

गृह सचिव श्री सुधीर राजपाल ने कहा कि हरियाणा नए आपराधिक कानूनों के प्रभावी क्रियान्वयन में देश के अग्रणी राज्यों में शामिल है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में आपराधिक न्याय प्रणाली को अधिक आधुनिक, जवाबदेह और नागरिक-केंद्रित बनाने की दिशा में लगातार सुधारात्मक कदम उठा रही है। उन्होंने कहा कि तकनीक के अधिकतम उपयोग, वैज्ञानिक जांच तथा समयबद्ध कार्रवाई के माध्यम से न्याय वितरण प्रणाली को और अधिक सुदृढ़ किया जा रहा है, जिससे आम नागरिकों का न्याय व्यवस्था पर विश्वास और मजबूत होगा। इसके अलावा पुलिस महानिदेशक के साथ भी नए आपराधिक कानूनों के प्रभावी क्रियान्वयन और उससे संबंधित रैकिंग प्वाइंट्स में और ज्यादा बेहतरी के लिए हर सप्ताह मंगलवार को रिव्यू बैठक करने का निर्णय भी लिया है।

बैठक के दौरान मुख्यमंत्री के मुख्य प्रधान सचिव श्री राजेश खुल्लर, गृह सचिव श्री सुधीर राजपाल, पुलिस महानिदेशक श्री अजय सिंघल, विशेष गृह सचिव (द्वितीय) सुश्री आमना तसनीम, पुलिस महानिदेशक (जेल) श्री आलोक मित्तल, श्रीमती कला रामचंद्रन सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

Sahab Ram

हरियाणा मीडिया में पिछले 14 सालों से सक्रिय। Yuva Haryana, Khabar Fast, STV Haryana News, खबरें अभी तक, A1 Tehelka में अपनी सेवाएं दी। चौपाल टीवी डिजिटल मीडिया के संस्थापक ।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment