सूत्रों के अनुसार रेवाड़ी शहर के मोहल्ला गुर्जरवाड़ा निवासी लालसिंह उर्फ गोलू ने घर से कुछ ही दूरी पर गुर्जरवाड़ा चौक पर गिफ्ट की दुकान की हुई थी। गोलू की मानें तो शुक्रवार देर शाम वह घर से अपनी दुकान की तरफ जा रहा था। इसी दौरान गुर्जरवाड़ा चौक पर एक स्विफ्ट गाड़ी खड़ी थी, जिसमें गांव कसौला निवासी सुनील उर्फ सुकन और विनोद नाम का शख्स बैठा हुआ था।
जैसे ही कार सवार बदमाशों ने उसे देखा तो सुनील ने अपने साथी विनोद को कहा कि यह जीता गुर्जर का भाई है, इसे आज नहीं छोड़ना। इतनी ही देर में सुनील उर्फ सुकन ने गाड़ी से उतरकर उस पर फायर कर दिया, जिससे वह बाल-बाल बच गया। जान बचाने के लिए वह चौक पर बने चबूतरे के पीछे छिप गया। आरोप है कि पीछा कर रहे बदमाशों ने उस पर दूसरा राउंड गोली भी चलाई, लेकिन गोली किसी को नहीं लगी।
जिस वक्त वारदात हुई उस समय बाजार में भीड़ थी। गोली की आवाज सुनकर बाजार में भगदड़ मच गई। इस बीच गोलू के भाई नाहर और मलखान भी पहुंच गए। वहीं गोली चलाने वाले बदमाश स्विफ्ट कार में सवार होकर बावल चौक की तरफ भाग गए। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची सिटी पुलिस ने जांच की और दोनों बदमाशों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया। फिलहाल पुलि मामले की जांच में जुटी हुई है।
पीड़ित लालसिंह उर्फ मलखान की मानें तो सुनील उर्फ सुकन इससे पहले भी उसकी दुकान पर आकर गाली-गलौज कर चुका है। बता दें कि जीता गुर्जर रेवाड़ी का नामी गैंगस्टर रहा है। वर्ष 2013 में गैंगवार के चलते कोर्ट में पेशी के दौरान उसकी हत्या हो गई थी। लालसिंह उर्फ गोलू उसका बड़ा भाई है।





