झज्जर, 27 जुलाई।
जिला की सीमा में सड़क सुरक्षा को लेकर डीसी वर्षा खांगवाल के मार्गदर्शन में प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं।सुरक्षित और जाम फ्री यातायात सुविधा को लेकर सभी विभाग गंभीरता से कार्य करें।
यह निर्देश एडीसी जगनिवास ने सोमवार को सडक़ सुरक्षा समिति की मासिक बैठक की अध्यक्षता करते हुए अधिकारियों को दिए। इस बीच डीटीओ रवीश हुड्डा ने एडीसी जगनिवास का स्वागत करते हुए सड़क सुरक्षा को लेकर किए जा रहे कार्यों की प्रगति की विस्तार से जानकारी दी।
सडक़ दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए विभागीय तालमेल जरूरी
एडीसी जगनिवास ने कहा कि सडक़ दुर्घटनाओं को कम करने के लिए विभागों के बीच बेहतर समन्वय और ठोस प्रयास जरूरी हैं। सडक़ दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने की दिशा में विभाग अपने स्तर पर निर्धारित कार्यों को समय पर पूरा करें। सडक़ दुर्घटना की संभावित लोकेशन की पहचान करें । सडक़ के डिजाइन में कोई गलती है तो उसकी रिपोर्ट तैयार करें। उक्त स्थानों पर भविष्य में सडक़ दुर्घटनाएं घटित ना हों इस दिशा में ठोस कदम उठाएं। सभी सड़क मार्गों पर साइन बोर्ड लगाए जाएं।
म्हारी सडक़ पोर्टल को लेकर भी दिए जरूरी दिशा निर्देश
एडीसी ने कहा कि सडक़ सुरक्षा के तहत योजनाबद्ध तरीके से कार्य करते हुए आमजन को जागरूक करने के लिए भी अधिकारी आपसी समन्वय के साथ कार्य करें।
उन्होंने रोड सेफ्टी से जुड़े मामलों में विभागों की एटीआर (एक्शन टेकन रिपोर्ट) की समीक्षा के साथ म्हारी सडक़ पोर्टल से जुड़े जरूरी दिशा निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ऐसे स्कूल वाहन जो सुरक्षित स्कूल वाहन पॉलिसी के तहत नियमों को पूरा नहीं करते उनके खिलाफ एक्शन लिया जाए
चालु माह के दौरान 956 स्कूल बसों की जांच की गई। सडक़ सुरक्षा से जुड़े विभिन्न एजेंडों पर विस्तार से चर्चा करते हुए एडीसी ने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सडक़ सुरक्षा बेहद गंभीर विषय है और सडक़ दुर्घटनाओं को रोकना जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में
शामिल है। रोड सेफ्टी से जुड़े किसी भी विषय में लापरवाही बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
राष्ट्रीय राजमार्गों पर सडक़ सुरक्षा के निर्धारित मानक तुरन्त लागु हों
एडीसी ने संबंधित अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि झज्जर जिला की सीमा से गुजरने वाले सभी राष्ट्रीय राजमार्गों पर सडक़ सुरक्षा के निर्धारित मानकों को पूरी गंभीरता के साथ लागू किया जाए। उन्होंने कहा कि सडक़ दुर्घटनाओं को कम करना प्रशासन की प्राथमिकता है और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उन्होंने बैठक में राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के अधिकारियों को विशेष रूप से सजग रहते हुए कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सडक़ों पर आवश्यक संकेतक बोर्ड, रिफ्लेक्टर, स्पीड ब्रेकर, रोड मार्किंग, स्ट्रीट लाइट और क्रैश बैरियर जैसे सुरक्षा उपायों को सुनिश्चित किया जाए, ताकि यात्रियों की सुरक्षा बनी रहे।
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सडक़ों पर ब्लाइंड व शार्प मुड़ाव को चिन्हित करें
एडीसी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि ऐसे ब्लाइंड व शार्प मुड़ाव को चिन्हित करें जहां दुर्घटनाएं घटित होने की संभावना रहती हैं। ऐसे स्पॉट पर सडक़ दुर्घटनाएं रोकने के लिए तत्काल और स्थायी समाधान की रिपोर्ट तैयार करें। इसके अलावा सडक़ों पर टहनियों की ट्रिमिंग और ब्लाइंड मोड पर झाडिय़ों की सफाई सुनिश्चित करवाने के निर्देश दिए। शहरों के सभी प्रवेश व निकास प्वाइंट पर रोड मार्किंग, सेफ्टी डिवाइस जैसे रोड स्टैंड्स, कैट्स आई लगाए जाएं। जहां सडक़ मार्ग, अंडर पास, फ्लाइओवर आदि के निर्माण के लिए प्रक्रिया चल रही हैं वहां साइन बोर्ड व अन्य जरूरी व्यवस्था की जाएं ताकि किसी प्रकार की दुर्घटना ना हो।
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ट्रैफिक नियम तोडऩे वालों का करें चालान
एडीसी जगनिवास ने कहा कि ट्रैफिक नियम तोडऩे वाले वाहन चालकों के चालान काटे जाएं। ओवर स्पीड, मोबाइल यूज, ड्रंकन एंड ड्राइव, बिना सीट बेल्ट आदि से संबंधित चालान अधिक से अधिक किया जाए ताकि आमजन सडक़ सुरक्षा से संबंधित नियमों का गंभीरता से पालन करें।
यह अधिकारी रहे मौजूद
इस अवसर पर एसडीएम बादली विशाल कुमार, एसडीएम बेरी रेणुका नांदल,सीटीएम रितु,एसीपी यातायात अखिल कुमार,डीडीपीओ निशा तंवर,एडीटीओ राजेश मलिक सहित सडक़ सुरक्षा समिति के सदस्य अधिकारी उपस्थित रहे।





