हिसार, 02 जून।
उपायुक्त महेंद्र पाल ने मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों की बैठक लेकर वेक्टर जनित बीमारियों जैसे डेंगू, मलेरिया आदि की रोकथाम एवं नियंत्रण के साथ-साथ भीषण गर्मी के दौरान बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने संबंधी आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
बैठक में डेंगू, मलेरिया एवं अन्य वेक्टर जनित रोगों की वर्तमान स्थिति की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने सभी विभागों को अपने-अपने कार्यालयों, संस्थानों एवं परिसरों को मच्छर-मुक्त रखने के निर्देश देते हुए कहा कि कहीं भी पानी का ठहराव न होने दिया जाए। कूलर, पानी की टंकियों, गमलों, पुराने टायरों, कबाड़ एवं अन्य जल-संग्रहण स्थलों की नियमित जांच एवं सफाई सुनिश्चित की जाए तथा कूलरों को सप्ताह में कम से कम एक बार खाली कर सुखाया जाए। उन्होंने विभागीय परिसरों में नियमित स्वच्छता अभियान चलाने, छतों, बेसमेंट, निर्माणाधीन स्थलों एवं अन्य संभावित मच्छर प्रजनन स्थलों का निरीक्षण करने तथा लार्वा पाए जाने पर तुरंत नियंत्रणात्मक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। साथ ही कर्मचारियों एवं आमजन को डेंगू और मलेरिया से बचाव के उपायों के प्रति जागरूक करने, पूर्ण बाजू के कपड़े पहनने, मच्छरदानी एवं मच्छर रोधी उपायों के उपयोग को बढ़ावा देने तथा बुखार होने पर तुरंत स्वास्थ्य संस्थान में जांच करवाने के लिए प्रेरित करने को कहा। बैठक में उपायुक्त को अवगत करवाया गया कि इस वर्ष मलेरिया से संबंधित एक मामला सामने आया है। उपायुक्त ने कहा कि मलेरिया, डेंगू जैसी बीमारियों की रोकथाम के लिए घरों के अतिरिक्त सरकारी कार्यालयों की भी जांच की जाए और लार्वा मिलने पर चालान किए जाएं।





