भिवानी, 29 जुलाई। जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (डीएलएसए) भिवानी डॉ. गगनदीप कौर सिंह के मार्गदर्शन में निमड़ीवाली स्थित राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी-सह-सचिव डीएलएसए पवन कुमार ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की और स्कूल परिसर में पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। उन्होंने बाल लैंगिक अपराधों से संरक्षण (पॉक्सो) अधिनियम, 2012 विषय पर आयोजित विधिक जागरूकता शिविर को भी संबोधित किया और विद्यार्थियों को उनके कानूनी अधिकारों एवं सुरक्षा प्रावधानों के प्रति जागरूक किया।
सीजेएम पवन कुमार ने कहा कि पॉक्सो अधिनियम बच्चों को यौन अपराधों से सुरक्षा प्रदान करने वाला एक प्रभावी एवं संवेदनशील कानून है। उन्होंने विद्यार्थियों को अधिनियम के प्रमुख प्रावधानों, अपराधों की जांच प्रक्रिया, दोषियों के लिए निर्धारित दंड तथा पीड़ित बच्चों को उपलब्ध नि:शुल्क कानूनी सहायता के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 18 वर्ष से कम आयु का प्रत्येक व्यक्ति कानून की दृष्टि में बच्चा है और ऐसे मामलों में नाबालिग की सहमति का कोई कानूनी महत्व नहीं होता।
उन्होंने विद्यार्थियों को जागरूक करते हुए कहा कि बच्चों को अपने अधिकारों और सुरक्षा के प्रति सजग रहना चाहिए तथा किसी भी प्रकार की परेशानी या अपराध की स्थिति में चुप रहने के बजाय तुरंत अपने अभिभावकों, शिक्षकों अथवा संबंधित अधिकारियों को जानकारी देनी चाहिए। कार्यक्रम में विद्यालय प्राचार्य अनीता नाथ और सरपंच कोमिला ने जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, भिवानी का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर डीएलएसए के प्रतिनिधियों, विद्यालय स्टाफ तथा बड़ी संख्या में विद्यार्थियों ने भाग लिया।
बच्चों को कानून का कवच, हरियाली का भी संदेश





